प्रकाश-विद्युत प्रभाव (photoelectric effect) के एक प्रयोग में,आपतित प्रकाश की आवृत्ति $\nu$ को निरोधी विभव (stopping potential) $V_0$ के विरुद्ध आलेखित किया गया है। प्रकाश-विद्युत सतह का कार्य फलन (work function) किसके द्वारा दिया जाता है? ($e$ इलेक्ट्रॉनिक आवेश है)

  • A
    $OB \times e$ ($eV$ में)
  • B
    $OB$ (वोल्ट में)
  • C
    $OA$ ($eV$ में)
  • D
    रेखा $AB$ की ढाल

Explore More

Similar Questions

प्रकाश-विद्युत प्रभाव (photoelectric effect) के मामले में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही है?

कथन : यदि किसी धातु का कार्य फलन (work function) कम है, तो उसकी प्रकाश-संवेदनशीलता (photosensitivity) अधिक होती है।
कारण : कार्य फलन $= hf_0$ जहाँ $f_0$ देहली आवृत्ति (threshold frequency) है।

$5000 \, Å$ तरंगदैर्ध्य वाले प्रकाश की तीव्रता $I$ के लिए, फोटोइलेक्ट्रॉन संतृप्ति धारा $0.40 \, μA$ है और निरोधी विभव (stopping potential) $1.36 \, V$ है। धातु का कार्य फलन (work function) ........... $eV$ है।

प्रकाश-विद्युत प्रभाव में,जब $h \nu$ ऊर्जा के फोटॉन एक प्रकाश-संवेदी सतह (कार्य फलन $h \nu_0$) पर गिरते हैं,तो धात्विक सतह से इलेक्ट्रॉन उत्सर्जित होते हैं। यह कहना संभव है कि:

दो अलग-अलग आवृत्तियों का प्रकाश,जिनके फोटॉन की ऊर्जा क्रमशः $3.8 \, eV$ और $1.4 \, eV$ है,एक धात्विक सतह पर क्रमिक रूप से आपतित होता है जिसका कार्य फलन (work function) $0.6 \, eV$ है। उत्सर्जित इलेक्ट्रॉनों की अधिकतम चाल का अनुपात क्या होगा?

Vedclass Products

For Students

Vedclass Test Series

Mock tests in real JEE/NEET style with performance analysis. 5-day free trial.

Start Free Trial
For Teachers

Exam Paper Generator

Generate Set A/B/C/D exam papers from 7.5L+ questions in 2 minutes. 3 chapters free.

Try Free
For Institutes

Online Exam Module

Live online exams with unlimited students, 360° analytics & white-label branding.

See Demo