(N/A) अभिक्रिया का दर नियम प्रयोगात्मक रूप से निर्धारित किया जाता है और यह आवश्यक नहीं है कि यह संतुलित रासायनिक समीकरण के रससमीकरणमितीय गुणांकों के अनुरूप हो।
$1$. अभिक्रिया: $2 NO_{(g)} + O_{2(g)} \rightarrow 2 NO_{2(g)}$
दर $= k[NO]^2[O_2]^1$. यहाँ,घातांक $(2, 1)$ रससमीकरणमितीय गुणांकों $(2, 1)$ से मेल खाते हैं।
$2$. अभिक्रिया: $CHCl_{3(g)} + Cl_{2(g)} \rightarrow CCl_{4(g)} + HCl_{(g)}$
दर $= k[CHCl_3]^1[Cl_2]^{1/2}$. यहाँ,$[Cl_2]$ का घातांक $1/2$ है,जबकि इसका रससमीकरणमितीय गुणांक $1$ है। अतः,वे समान नहीं हैं।
$3$. अभिक्रिया: $CH_3COOC_2H_{5(l)} + H_2O_{(l)} \rightarrow CH_3COOH_{(aq)} + C_2H_5OH_{(aq)}$
दर $= k[CH_3COOC_2H_5]^1[H_2O]^0$. यहाँ,$[H_2O]$ का घातांक $0$ है,जबकि इसका रससमीकरणमितीय गुणांक $1$ है। अतः,वे समान नहीं हैं।
निष्कर्ष: दर नियम में घातांक प्रयोगात्मक अवलोकन द्वारा निर्धारित किए जाते हैं और वे हमेशा संतुलित रासायनिक समीकरण के रससमीकरणमितीय गुणांकों के बराबर नहीं होते हैं।