एक रेडियोधर्मी नाभिक की अर्ध-आयु $50$ दिन है। समय $t_2$ जब इसका $2/3$ भाग क्षय हो जाता है और समय $t_1$ जब इसका $1/3$ भाग क्षय हो जाता है,के बीच का समयांतराल $(t_2 - t_1)$ ...... दिन है।

  • A
    $30$
  • B
    $50$
  • C
    $15$
  • D
    $60$

Explore More

Similar Questions

यदि किसी रेडियोधर्मी तत्व की अर्ध-आयु $12.5 \ h$ है,तो $256 \ g$ पदार्थ को $1 \ g$ में विघटित होने में लगा समय (घंटों में) कितना होगा?

न्यूक्लाइड $^{131}I$ रेडियोधर्मी है,जिसकी अर्ध-आयु $8.04$ दिन है। $1$ जनवरी को दोपहर में,एक निश्चित नमूने की सक्रियता $600 \, Bq$ है। $24$ जनवरी को दोपहर में सक्रियता होगी

रेडियोधर्मी स्रोतों $A$ और $B$ की अर्ध-आयु क्रमशः $2 \ hr$ और $4 \ hr$ है,और प्रारंभ में दोनों में समान संख्या में रेडियोधर्मी परमाणु हैं। $8 \ hr$ के अंत में,उनके विघटन की दरों का अनुपात क्या होगा?

Difficult
View Solution

एक सक्रिय नाभिक $20 \text{ घंटे}$ में अपनी प्रारंभिक सक्रियता के एक-तिहाई $\left(\frac{1}{3}\right)$ तक क्षयित हो जाता है। $80 \text{ घंटे}$ के बाद शेष बची मूल सक्रियता का अंश क्या है?

एक निश्चित रेडियोधर्मी तत्व की रेडियोधर्मिता $30 \, s$ में अपने प्रारंभिक मान के $1/64$ तक गिर जाती है। इसकी अर्ध-आयु ......... $s$ है।

Vedclass Products

For Students

Vedclass Test Series

Mock tests in real JEE/NEET style with performance analysis. 5-day free trial.

Start Free Trial
For Teachers

Exam Paper Generator

Generate Set A/B/C/D exam papers from 7.5L+ questions in 2 minutes. 3 chapters free.

Try Free
For Institutes

Online Exam Module

Live online exams with unlimited students, 360° analytics & white-label branding.

See Demo